शहीद अनुदान 10 लाख से बढ़ाकर 50 लाख किया, 28 परिवारों को दी नौकरी: गणेश जोशी
हल्द्वानी। उत्तराखंड के कृषि एवं कृषक कल्याण, सैनिक कल्याण और ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जोशी ने सोमवार को उपनल कार्यालय हल्द्वानी में मीडिया से वार्ता की। उन्होंने बताया कि दिनांक 10 सितंबर, 2026 को पूर्वाह्न 11:00 बजे हल्द्वानी के वाटिका गार्डन में “भारतीय सैन्य बलों एवं अर्द्धसैनिक बलों के गौरव सेनानियों के मिलन समारोह” का आयोजन किया जा रहा है। उत्तराखंड एक सैनिक बहुल प्रदेश है, इस मिलन समारोह में लगभग 5000 पूर्व सैनिकों के जुटने का लक्ष्य रखा गया है। समारोह को भव्य रूप दिया जाएगा। मंत्री जोशी ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में सरकार सैनिकों और वीर नारियों के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। सरकार ने वीरता पदक पाने वाले पूर्व सैनिकों और वीर नारियों को दी जाने वाली प्रोत्साहन राशि में वृद्धि की है। शहीद जवानों की विधवाओं को मिलने वाली शहीद अनुदान राशि को 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये कर दिया गया है। साथ ही शहीद के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जा रही है, अभी तक 28 शहीद परिवारों के सदस्यों को नौकरी दी जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि यह प्रदेश के लिए गौरव का विषय है कि देश के प्रथम NSA अजीत डोभाल, प्रथम CDS स्व. बिपिन रावत, द्वितीय CDS अनिल चौहान उत्तराखंड से हैं और तृतीय CDS भी गढ़वाल रेजीमेंट से संबंधित हैं। सैनिक कल्याण मंत्री ने बताया कि देहरादून में विशाल सैन्य धाम का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है और अक्टूबर माह में इसे जनता को समर्पित किया जाएगा। सैन्य धाम में शहीदों की वीरता के व्याख्यान के लिए 1734 शहीद परिवारों के आंगन की मिट्टी और 28 नदियों का जल लाया गया है। परिसर में बाबा जसवंत सिंह और बाबा हरभजन सिंह के मंदिर भी बनाए गए हैं तथा वीरता के व्याख्यान हेतु लाइट एंड साउंड शो का आयोजन किया जाएगा। यह सैन्य धाम चार धाम यात्रा पर आने वाले पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगा। सरकार सीमा पर शहीद होने वाले वीर सैनिकों के पैतृक गांव में शहीद के नाम पर सड़क व स्कूल का नामकरण और मूर्ति स्थापना का कार्य भी तेजी से कर रही है।इस अवसर पर दर्जा राज्य मंत्री ध्रुव रौतेला एवं क्षेत्रीय परियोजना अधिकारी ले. कर्नल गोविंद सिंह कन्याल (अ.प्रा.) उपस्थित रहे।































